जिंदा कोबरा लेकर अस्पताल पहुंचा स्नेक कैचर, बोला- पहली बार सांप ने काटा, इलाज करो
पाली में 12-13 साल से सांपों का रेस्क्यू कर रहे स्नेक कैचर संजय वाल्मीकि को पहली बार कोबरा ने डस लिया। वह जिंदा कोबरा को डिब्बे में बंद कर सीधे बांगड़ अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उनका इलाज शुरू किया। इसी दिन जिले में सांप काटने के दो अन्य मामले भी सामने आए, जिनमें एक महिला मजदूर और एक युवती का उपचार जारी है।
पाली। राजस्थान के पाली जिले में गुरुवार को एक अनोखा नजारा देखने को मिला। यहां एक स्नेक कैचर अपने साथ जिंदा कोबरा लेकर सीधे बांगड़ अस्पताल पहुंच गया। करीब 4 फीट लंबा कोबरा डिब्बे के अंदर लगातार फुफकार मार रहा था, जिसे देखकर अस्पताल का स्टाफ और वहां मौजूद मरीज व परिजन घबरा गए। स्नेक कैचर ने डॉक्टरों से कहा कि वह पिछले 12-13 वर्षों से सांपों का रेस्क्यू कर रहा है, लेकिन पहली बार किसी सांप ने उसे काटा है, इसलिए तुरंत इलाज किया जाए।
घायल स्नेक कैचर की पहचान तख्तगढ़ निवासी संजय वाल्मीकि (40) के रूप में हुई है। डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उनका इलाज शुरू किया और उन्हें बांगड़ अस्पताल के ओल्ड ICU में भर्ती कर लिया।