श्री राम अस्पताल की लापरवाही से मरीज की मौत,परिजनों का धरना जारी.....

जोधपुर के पाल रोड स्थित श्री राम हॉस्पिटल में एक मरीज की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका दावा है कि दो घंटे तक मरीज की सुध नहीं ली गई और पर्ची में दर्ज डॉक्टर का नाम वास्तविक डॉक्टर से भिन्न था। आक्रोशित परिजन और स्थानीय लोग अस्पताल के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। पुलिस और प्रशासन जांच में जुटे हैं, लेकिन अस्पताल ने अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया।

Basanti Parmar
Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
October 6, 2025 • 9:38 AM  18
राजस्थान
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श्री राम अस्पताल की लापरवाही से मरीज की मौत,परिजनों का धरना जारी.....
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6 Oct 2025
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श्री राम अस्पताल की लापरवाही से मरीज की मौत,परिजनों का धरना जारी.....

जोधपुर, 6 अक्टूबर 2025: पाल रोड स्थित श्री राम हॉस्पिटल में एक मरीज की संदिग्ध मौत के बाद परिजनों और स्थानीय समाज के लोगों में भारी आक्रोश फैल गया है। मृतक के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद परिजन अस्पताल के बाहर धरने पर बैठ गए हैं, जिससे इलाके में तनाव का माहौल है। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मामले की जांच में जुटे हुए हैं, लेकिन अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

घटना का विवरण

जानकारी के अनुसार, मृतक व्यक्ति को कुछ दिनों पहले स्वास्थ्य संबंधी समस्या के चलते श्री राम हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का दावा है कि मरीज को समय पर उचित इलाज नहीं दिया गया। विशेष रूप से, मरीज की हालत बिगड़ने के बाद लगभग दो घंटे तक अस्पताल स्टाफ ने कोई ध्यान नहीं दिया। इस दौरान न तो कोई डॉक्टर ने मरीज का निरीक्षण किया और न ही कोई आवश्यक चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई गई। जब परिजनों ने शिकायत की, तो उन्हें पर्ची (प्रिस्क्रिप्शन) पर एक डॉक्टर का नाम दिखाया गया, लेकिन जब वे मरीज को देखने आए डॉक्टर से मिले, तो उनका नाम अलग निकला। इस विसंगति ने परिजनों को और अधिक संदेह में डाल दिया।परिजनों के मुताबिक, मरीज को भर्ती करने के समय जो डॉक्टर ने जांच की थी, उसी का नाम पर्ची पर दर्ज था, लेकिन मौत के बाद जब जांच हुई, तो देखने वाले डॉक्टर का नाम भिन्न पाया गया। यह आरोप अस्पताल की पारदर्शिता पर सवाल खड़े करता है। मृतक के भाई ने बताया, "हमने भरोसा करके मरीज को यहां भर्ती कराया था, लेकिन स्टाफ की लापरवाही से हमारा अपना खो बैठे। दो घंटे तक कोई सुधि न ली गई, और डॉक्टरों के नामों में भी खेल लगता है।" मृतक की पहचान गोपनीय रखी गई है, लेकिन परिजन स्थानीय निवासी हैं।

Basanti Parmar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

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